ज्यादातर हम सभी के घर में गेहूँ की रोटियाँ ही खाई जाती है। लेकिन क्या आपको पता है, बाजरे की रोटी के फायदे क्या हैं? 

यदि नहीं, तो आज में आप सभी को इस ब्लॉग में कुछ बेहतरीन स्वास्थ्य को बनाये रखने की युक्तियाँ दूंगी जिसके उपयोग से आप अपने जीवन में कई भयंकर बीमारियों से हमेशा के लिए दूर हो जायेंगे।

बाजरे की रोटी के फायदे बहुत है, बाजरा खरीफ की फसल है यह वर्षा ऋतु में बो कर शीत ऋतु में काट ली जाती है 

यह एक ऐसी फसल है जिसकी खेती में कम पानी की आवश्यकता होती है। अतः इसको सूखा प्रभावित क्षेत्र या जहाँ पानी कम होता है, ऐसे इलाको में इसको उगाया जाता है। यह अधिक तापमान को सहन कर लेता है तथा भूमि की अम्लीयता को भी।

प्रायः सम्पूर्ण उत्तर भारतपश्चिम तथा दक्षिण में लोग इसे उगाते है और कहा जाता है कि विकसित देशों में यह पक्षियों के अनाज के लिए उगाया जाता है। 

बाजरे की कई किस्में होती है जैसे :- देसीसफ़ेद और केजर आदि। 

Bajre Ki Roti ke fayde, बाजरे की रोटी के फायदे,


गुणधर्म
  • कई वैद्यों की दृष्टि में बाजरा की तहसीर गर्म होती है।  
  • बाजरा गरमदस्तावरकफनाशकबलवर्धकगुरु, रुक्षऊष्ण, दीपन, ग्रहीवातपित्तकारक, पु-ष्टिकारक, कांतिवर्धकमहिला-ओं के लिए ऋतुधर्म प्रवर्तक है
इसके प्रति 100 gm खाद्य में
  • कार्बोहाइड्रेट्स 72.8 gm             
  • रेशे 8.5 gm                    
  • वासा 4.2 gm                
  • प्रोटीन 11.0 gm              
  • विटामिनो में थाइरीन 0.42 gm  
  • राइबोफ्लेविन 0.29 gm         
  • नैसिन 4.72 gm              
  • विटामिन बी 0.38 gm         
  • खनिजों में कैल्शियम 8.0 gm  
  • लौह 3.0 gm                       
  • मेगनीसियम 114 gm          
  • मैगनीसे 1.6 gm              
  • फास्फोरस 285 gm            
  • पोटाशियम 195 gm            
  • सोडियम 5.0 gm               
  • जिंक तथा जल 8.7 gm तक होता है। 

खाने में बाजरा पुष्टिकारक तो है लेकिन यह पचने में थोड़ा समय लेता है


बाजरे की उपयोगिता 
  •  बाजरा खाने के बहुत फायदे है बाजरे की रोटी के फायदे अत्यंत बलवर्धक और पुष्टिकारक होती है
  • बाजरा कठोर श्रम करने वालों का प्रमुख आहार हैइसमें गेहूँ के समान पोषक तत्व पाए जाते हैं।
  • गेहूँ की अपेक्षा बाजरे में चर्बी अधिक होने से इसकी रोटी पर घी, मक्खन आदि लगाने की जरुरत नहीं होती 
  • कुछ लोगो के लिए बाजरा कब्जकारक सिद्ध होता है परन्तु जिसको अनुकूल हैउनके लिए बहुत पौष्टिक होता है 
  • दूध में बाजरे की रोटी के अलावा इसकी रबखिचड़ीधोक्ली और सुखादि भी बनाई जाती है इसके आटे में घी और गुड़ मिला कर विशेष व्यंजन "कूलर" बनाई जाती है
  • घी और मक्खन के साथ बाजरे की रोटी बहुत ही स्वादिष्ट और बलवर्धक होती हैशेष बचा भाग पशुओं के चारे तथा ईंधन के रूप में प्रयोग होता है
  • बाजरा पक्षियों के दाने के लिए उपयोगी होता है और यदि यह गाय के आहार में बाजरा अगर शामिल किया जाता है तो गाय अच्छा दूध देती है 

 औषधीय उपयोग
  • इसमें प्रोटीन तथा अमीनो अम्ल पर्याप्त मात्रा में होते हैंइससे कैंसर कारक टोक्सिन नहीं बनते
  • इसमें लौह तथा जिंक भी पर्याप्त मात्रा में होते हैं। इसलिए भी बाजरा खाने के बहुत फायदे है।
  • अतः यह शरीर में रक्त को बढ़ाता है एवं यह एंटीएलर्जिक भी है
पित्त एवं वातजन्य वमन
  • पित्त तथा कारक  वातजन्य वमन में बाजरे का सुप बना कर दोनों वक्त पिलाते हैं
  • यह बहुत लाभकारी एवं गुणकारी है इससे एसिडिटी तथा पेट का अल्सर ठीक होता है
शोथ एवं सिरदर्द
  • बाजरे को छोटी छोटी पोटलियों में बांध कर तथा तवे पर बार-बार गरम कर सकते हैं। 
  • यह उदरशूलअर्षपीडा तथा अर्ध्यमान में भी लाभकारी है
  • इसमें पर्याप्त मात्रा में रेशे होने के कारण मूत्राशामरी में लाभकारी है
दुग्ध वृद्धि
  • बाजरे की खिचड़ीराबड़ी आदि खाने से स्तनपान करने वाली माताओं को दूध पर्याप्त मात्रा में उतरता हैंजिससे शिशु को अच्छा पोषण मिलता है
 ह्रदय रोगियों के लिए
  • बाजरा ह्रदय रोगियों के लिए हितकारी एवं बलकारी है इसमें वसा की मात्रा भी कम होती है। 
  • इसमें ग्लाइसेमिक कम मात्रा में होने के कारण मधुमेह में हितकारी है। 
  • इसमे फाइटोनुट्रिएंस तथा लिग्निन पर्याप्त मात्रा में पाए जाते हैं जो ह्रदय को मजबूत बनाता है तथा हृदयघात को रोकने में भी सहायक है
सर्दी से बचने के अचूक उपाय
  • यदि आपको सर्दियों में सर्दी से तकलीफ होती हैतो उनको बाजरे से बने आहार को जरूर खाने चाहिए क्यूंकि बाजरा खाने के बहुत फायदे है।
  • चूँकि बाजरे की तासीर गरम होती है अतः कड़ाके की सर्दी में बाजरे के आटे में गोंदमेवा इत्यादि डालकर लड्डू बना लिए जाते हैं।  
  • इसको रोजाना नाश्ते के समय 1 लड़डू आवश्यक खाये, इसके नियमित सेवन से सर्दियों में ठंड कम लगती हैगर्मी आती है तथा ताकत बनी रहती है 
  • ये अस्थमा के रोगियों के लिए अत्यंत हितकारी है।
पौष्टिक बाजरे की खिचड़ी
  • पोषक तत्वों से भरपूर बाजरे की खिचड़ी सर्दियों में बहुत लाभप्रद है 
  • यदि किसी को अपना वजन बढ़ाना हो तो उसके लिए इसका सेवन अति-उत्तम माना जाता है।
 ऊर्जा प्रदायक
  • बाजरा एक ऐसा आहार है जिसमें कैलोरी की मात्रा अधिक होती हैअतः कठोर श्रम करने वालों तथा किसानों के लिए देर तक उर्जाप्रदायक का कार्य करते हैं। 
  • इससे न ही जल्दी भूख लगती है और न ही थकान। यह स्वास्थ के लिए अत्यंत लाभदायक है लेकिन इसका उपयोग केवल वो लोग ही करे जिन्हें यह आसानी से पच जाता है।

कफनाशक एवं बलवर्धक बाजरा
  • बाजरे की रोटी के फायदे अत्यंत बलवर्धक कफनाशक एवं पुष्टिकारक होती है 

  • इससे कैंसर के खतरे बहुत कम हो जाते हैं और ऐसा माना जाता है की यह कठोर श्रम करने वालों का प्रमुख आहार है
  • हालाँकि इसमें गेहूँ के समान पोषक तत्व जरूर उपस्थित है परन्तु गेहूँ की अपेक्षा बाजरे में चर्बी की मात्रा अधिक होने से इसकी रोटी पर घी, मक्खन आदि लगाने की आवश्यकता नहीं होती
निष्कर्ष 

अंत में, मैं यही कहना चाहूँगी की वैसे तो यह कफनाशकडायबिटीज जैसी कई बीमारियों को जड़ से ख़त्म करने में मददगार सिद्ध है लेकिन जिसको यह नहीं पच पाता उसके लिए कष्टप्रद है। 

इसलिए बाजरे की रोटी और बाजरा सेवन वे लोग ही करें जिनकी पाचन शक्ति अच्छी है और आसानी से पचा सकें

मैं आशा करती हूं कि आपको बाजरे की रोटी के फायदे के बारे में जानकर अच्छा लगा होगा और इसी प्रकार 

के और भी हेल्थ से रिलेटेड जानकारी के लिए हमारी और पोस्ट को पढ़ें। 












6 टिप्पणियाँ

Please do not enter any spam link in the comment box.